15 September 2017

दुनिया की पांच रहस्यमयी जगहें जिसके बारे में आप नहीं जानते होंगे- 5 amazing place that you never know

दुनिया की पांच रहस्यमयी जगहें जिसके बारे में आप नहीं जानते होंगे


दुनिया में सात अजूबे हैं ये बात तो सभी को पता है लेकिन दुनिया में बहुत सी ऐसी जगहें भी हैं जिसके बारे में शायद ही कोई जानता हो |
ये चीजें देखने में खूबसूरत पर लोगो को हैरान कर देने वाली हैं |
इस दुनिया में बहुत सी ऐसी चीजें भरी पड़ी हैं जिन्हे जानने की हमारे अंदर उत्सुकता जरूर रहती है |
तो आज हम आपको ऐसी ही पांच जगहों के बारे में बताएँगे जिसे देखकर आप हैरान रह जाएंगे और इसके साथ ही जानेंगे वैज्ञानिक तर्कों को जिनसे आपको ये रहस्य सुलझाने में आसानी होगी |

1. Nazca Line Peru


नाजाका लाइने अगर आप आसमान में हवाई जहाज से उड़ रहे हो और अचानक ही नीचे बहुत सी लाइने देखने को मिल जाए तो आप हैरान जरूर होंगे |
बता दें की पहली बार जब इन लाइनों को देखा गया तो सभी हैरान रह गए थे पर अभी तक कोई ये पता नहीं लगा पाया की आखिर इन लाइनों को बनाने के पीछे राज क्या है ?
नाजाका लाइने इस धरती पर बानी हुयी सबसे बड़ी लाइने हैं जो की 80 किलो मीटर में बनीं हुयी हैं |
इन लाइनों में बन्दर , पक्षियों और बहुत से जानवरों की ज्यमितियाँ बनीं हुयी हैं ट्रायंगल , सुकेर और भी बहुत सी रचनाये शामिल हैं इसमें |
लैटिन अमेरिका के पेरू में नाशखा मरुस्थल  में मौजूद ये सरंचनाए नाजका  संस्कृति की विरासत मानी जाती है|
घी को बनाने का समय 500 ईस्वी पहले और 500 ईस्वी के बाद तक माना जाता है | इन लम्बे पत्थरों को दूर से देखने पर ये सिर्फ एक मकड़ी के जाले की तरह दिखाई देता है |
नाजाका में इन लाइनों को देख कर मानो दिमाग सुन्न होने लगता है |
सैकड़ो मीटर में फैली इन लाइनों को आखिर किसने बनाया ?
और इस लाइन को बनाने के पीछे क्या मकसद था ?
क्या आज से 2500 साल पहले इंसान के पास ऐसी टेक्नोलॉजी थी जिससे वो इतनी सीधी और सटीक लाइन बना सके ?
जमीन पे खड़े होकर इन लाइनों को पूरी तरह से देखा नहीं जा सकते केवल आसमान में उड़कर ही इसे देखा जा सकता है . तो क्या उन सभ्यताओं के पास ऐसे साधन थे जो उन्हें आसमान में उड़ा सकते थे ?
आईये हम इन्हे ही जानने की कोशिश करते हैं |
इसे सबसे ज्यादा पहचान जर्मन गणितज्ञ और पुरातत्त्ववेत्ता मारिया रीची की वजह से मिली जिन लोगों ने इन लाइनों का गहराई से अध्धययन किया मकडी, छिपकली, मछली, शेर, शार्क ,और बंदर के अलावा हमिंग बर्ड भी साफ साफ पहचाने जाती है. इनमे  इंसान की आकृति बनी है | इंडिया का सबसे बड़ा चित्र 200 मीटर तक की लंबाई में फैला हुआ है |
पहले तो ये मान लिया गया की ये सिचाई के लिए बनायीं गयी नहरें हैं या छोटी छोटी नालियां हैं | और कुछ विद्वान् मानते हैं की ये चित्र धार्मिक संघर्ष से जुड़े हुए हैं और इसमें प्रकृति की पूजा का चित्रण किया गया है |
ऐसे ही कई तर्क इसके बारे में दिए गए |
तो आईये हम आपको उन तर्कों के बारे में बताते हैं |
इंसानी फितरत पहले से ही रही है की जो चीज समझ में ना आये उसे पारलौकिक शक्तियों से जोड़ दो या फिर भगवान से या फिर एलियंस से जोड़ दो |
कुछ टीचर और किताब चैरियट आफ गॉड में एरिक ने यह दलील दी है की नाजाका के प्राचीन लोगों ने एलियंस के साथ मिलकर इन लाइनों को बनाया था ताकि वे अपनी उड़न तस्तरियाँ यहाँ उतार सकें यानी इनके हिसाब से ये लाइने लाइन ना होकर के एलियंस के एयरपोर्ट थे |
लेकिन इस तर्क के लिए एक सवाल यह खड़ा होता है की आखिर नाजाका में एलियंस आते क्यों थे ?
इस पर लोगो ने दावा किया की एलियंस इस धरती पर मौजूद खनिजों के बारे में जानना चाहते थे ठीक वैसे ही जैसे वि मंगल गृह की जमीन के बारे में जानना चाहते थे और उन्हें पेरू के राजस्थान से बढ़िया जगह नहीं मिली जहा सालो से बारिश नहीं होती |
यहाँ की मिटटी में लोहा और उसका ऑक्साइड मिलता था जिसके लिए उनको यहाँ बार बार उतरना पड़ता था और इसीलिए उन्होंने वहां पर अपना एयरपोर्ट बना लिया |
लेकिन अगर इन तर्क को मान भी लिया जाए की एलियंस ने इस जगह का इस्तेमाल एयरपोर्ट के लिए किया था तो भी एक बात साफ नहीं होती की उन्होंने एयरपोर्ट के पैटर्न को जानवरों और पक्षियों के पैटर्न पर क्यों बनाया वो सीधे सीधे पैटर्न भी तो बना सकते थे |
और अगर एलियंस इस धरती पर आते तो उन्हें एयरपोर्ट बनाने की जरूरत ही क्यों थी |
लेकिन आज भी कुछ लोग उसे एलियंस के द्वारा बनाये गए एयरपोर्ट ही मानते हैं |
लेकिन अगर इन लाइनों को एलियंस ने नहीं बनाया तो आखिर बनाया किसने ?

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